
सहरसा।
सहरसा नगर निगम क्षेत्र के नया बाजार वार्ड संख्या-11 में सड़क निर्माण कार्य में अनियमितता की शिकायत के बाद जांच कराई गई है। नगर एवं आवास विभाग के निर्देश पर हुई जांच के बाद रिपोर्ट विभाग को भेज दी गई है। जांच रिपोर्ट में प्राक्कलन के अनुरूप निर्माण कार्य नहीं होने और सड़क की पीसीसी मोटाई में अंतर पाए जाने का उल्लेख किया गया है। इसके बाद संबंधित मामले में रिकवरी और विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा की गई है।
सहरसा के नया बाजार वार्ड संख्या-11 में सड़क निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हुए हैं। निर्माण कार्य में निर्धारित मानकों की अनदेखी किए जाने की शिकायत मिलने के बाद जांच टीम ने स्थल का निरीक्षण किया। जांच के दौरान सड़क की गुणवत्ता, निर्माण की मोटाई और प्राक्कलन के अनुरूप काम किए जाने से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की पड़ताल की गई। जांच रिपोर्ट विभाग को भेजे जाने के बाद अब इस मामले में आगे की कार्रवाई का इंतजार है।
मामला नया बाजार वार्ड-11 में सरकारी योजना के तहत कराए गए सड़क निर्माण कार्य से जुड़ा है। सड़क निर्माण में अनियमितता की शिकायत सामने आने के बाद नगर एवं आवास विभाग के निर्देश पर जांच की गई। जांच के दौरान सड़क की पीसीसी मोटाई को लेकर महत्वपूर्ण अंतर पाया गया।
रिपोर्ट के अनुसार, निर्माण कार्य के प्राक्कलन में सड़क की पीसीसी मोटाई छह इंच निर्धारित की गई थी, लेकिन स्थल पर खुदाई के दौरान कई स्थानों पर इसकी मोटाई करीब चार इंच पाई गई। इस अंतर के सामने आने के बाद निर्माण कार्य की गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुपालन पर सवाल उठे हैं।
जांच टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक रिकवरी के साथ विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा की है। जांच रिपोर्ट संबंधित विभाग को भेज दी गई है। अब देखना होगा कि रिपोर्ट के आधार पर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं और अनियमितता के लिए जिम्मेदार लोगों पर क्या कार्रवाई होती है।
वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि सड़क निर्माण में निर्धारित मानकों की अनदेखी की गई है, तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही, सरकारी राशि के दुरुपयोग की पुष्टि होने पर नियमानुसार राशि की वसूली भी की जानी चाहिए।
फिलहाल, जांच रिपोर्ट विभाग को भेजे जाने के बाद आगे की कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं।





