
जहानाबाद जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई की। विशेष जांच अभियान के तहत मिठाई बनाने वाले चार प्रतिष्ठानों में छापेमारी की गई। जांच के दौरान मिठाइयों के निर्माण और रखरखाव में गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। इसके बाद विभाग ने चारों प्रतिष्ठानों की एफएसएसएआई (FSSAI) अनुज्ञप्ति अगले आदेश तक निलंबित कर दी। कार्रवाई के दौरान 16,160 किलोग्राम संदूषित खाद्य पदार्थों को नष्ट कराया गया, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 29 लाख रुपये बताई गई है।
खाद्य सुरक्षा आयुक्त, बिहार, पटना के आदेश तथा जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया के निर्देश पर असैनिक शल्य चिकित्सक कार्यालय के अंतर्गत खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने यह अभियान चलाया। अभिहित पदाधिकारी के नेतृत्व में टीम ने उत्तरी दौलतपुर गली स्थित प्रिंस स्वीट्स, सहबाजपुर स्थित पूजा स्वीट्स और शुभम स्वीट्स तथा कनौदी स्थित जय भवानी मिष्ठान भंडार में जांच की। इस दौरान मिठाइयों का निर्माण अस्वच्छ और अस्वास्थ्यकर वातावरण में किए जाने सहित कई कमियां पाई गईं।
**1,868 किलो खाद्य सामग्री जब्त**
छापेमारी के दौरान विभागीय टीम ने कुल 1,868 किलोग्राम मिठाई और खाद्य सामग्री जब्त की। इसकी अनुमानित कीमत 2 लाख 29 हजार 990 रुपये बताई गई है। जब्त सामग्री में 168 किलो डोडा और मिल्क केक, 850 किलो अरारोट तथा 850 किलो मावा और सफेद बर्फी शामिल हैं। विभाग ने इन सामग्रियों के निष्कासन और बिक्री पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है।
**16,160 किलो दूषित खाद्य पदार्थ नष्ट**
कार्रवाई के दौरान डोडा बर्फी, खोवा, क्रीम, रसगुल्ला समेत अन्य मिठाई उत्पादों को संदूषित पाए जाने पर नष्ट कराया गया। इनकी कुल मात्रा 16,160 किलोग्राम और अनुमानित कीमत करीब 29 लाख रुपये बताई गई है।
**आठ नमूने जांच के लिए भेजे गए**
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने छैना-पनीर, मिल्क केक, मावा और रसगुल्ला के कुल आठ नमूने भी संग्रहित किए हैं। इन्हें प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा जाएगा। जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विभाग ने मिठाई निर्माताओं और विक्रेताओं को स्वच्छता एवं गुणवत्ता मानकों का पालन करने का निर्देश दिया है। साथ ही स्पष्ट किया है कि खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ जांच और कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।





