जामताड़ा। झालसा रांची के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, जामताड़ा के तत्वावधान में बुधवार को राजकीयकृत कन्या मध्य विद्यालय, नाला में सुरक्षित बचपन अभियान के तहत जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यालय के प्रधानाध्यापक स्टीफन मरांडी ने की। शिविर का आयोजन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, जामताड़ा अनुज कुमार प्रथम तथा प्राधिकार के सचिव पवन कुमार के आदेश एवं मार्गदर्शन में किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं को बाल अधिकार, बाल सुरक्षा, बाल विवाह एवं बाल श्रम की रोकथाम, पॉक्सो अधिनियम, साइबर सुरक्षा और निःशुल्क विधिक सहायता के प्रति जागरूक करना था। इस दौरान प्राधिकार के अधिकार मित्र अमित कुमार सिंह, जयंती दत्त एवं यदुनाथ सिंह ने छात्राओं को सरल भाषा में उनके अधिकारों और सुरक्षित बचपन के महत्व की जानकारी दी।
वक्ताओं ने बताया कि प्रत्येक बच्चे को शिक्षा, सुरक्षा, सम्मान और भयमुक्त वातावरण में जीवन जीने का अधिकार है। बच्चों के साथ किसी भी प्रकार का शोषण, उत्पीड़न या दुर्व्यवहार होने पर चुप रहने के बजाय अभिभावकों, शिक्षकों अथवा संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी देनी चाहिए। उन्होंने बाल विवाह और बाल श्रम जैसी सामाजिक कुरीतियों को रोकने में जागरूकता की भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
शिविर में छात्राओं को इंटरनेट और सोशल मीडिया का सावधानीपूर्वक उपयोग करने की सलाह दी गई। वक्ताओं ने कहा कि किसी अनजान व्यक्ति के साथ अपनी निजी जानकारी, पासवर्ड या ओटीपी साझा नहीं करना चाहिए। साइबर अपराध से बचाव के लिए सतर्क रहना आवश्यक है।
इस अवसर पर छात्राओं को सहायता के लिए महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी गई। चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, निःशुल्क विधिक सहायता हेल्पलाइन 15100, साइबर अपराध हेल्पलाइन 1930 तथा पुलिस एवं आपातकालीन सहायता नंबर 112 के बारे में विस्तार से बताया गया।
कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक प्रकाश सरकार, कृष्णकांत घोष एवं रतन चंद्र पाल सहित बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं। शिविर के माध्यम से छात्राओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने और किसी भी असुरक्षित परिस्थिति में समय पर सहायता लेने का संदेश दिया गया।
**संवाददाता: संतोष कुमार, जामताड़ा।**





