बिहार और उत्तर प्रदेश पुलिस के लिए लंबे समय से चुनौती बना कुख्यात अपराधी लल्लन सिंह उर्फ ललन आखिरकार पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। हत्या, बैंक लूट, कैश वैन लूट, डकैती और कई अन्य संगीन वारदातों में वांछित इस अपराधी पर बिहार और उत्तर प्रदेश पुलिस ने कुल 1.25 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। रविवार देर रात उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में हुई पुलिस मुठभेड़ में उसे गोली लगी, जिसके बाद इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार, 21 और 22 जून 2026 की दरमियानी रात एडिशनल एसपी लाल प्रताप सिंह के नेतृत्व में सरसावा-नकुड़ रोड पर वाहन जांच अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान बाइक पर सवार दो संदिग्ध युवकों को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस का दावा है कि रुकने के बजाय दोनों बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में ललन सिंह गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि उसका साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
घायल ललन को पहले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरसावा ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत को देखते हुए जिला अस्पताल सहारनपुर रेफर किया गया। अस्पताल में इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, ललन सिंह के खिलाफ हत्या के सात मामले सहित बैंक लूट, एटीएम कैश वैन लूट और डकैती के कई मुकदमे दर्ज थे। बिहार में उसने दो सब-इंस्पेक्टर, एक बैंक कैशियर और एक सुरक्षा गार्ड की हत्या की थी। वहीं वर्ष 2022 में वाराणसी में एक सब-इंस्पेक्टर को गोली मारकर उनकी सरकारी पिस्टल लूट ली थी। इसी साल चंदौली में एक युवक की हत्या कर उसकी बाइक भी लूट ली थी।
पुलिस का कहना है कि ललन सिंह वर्षों से दोनों राज्यों की पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ था और कई बार गिरफ्तारी से बच निकला था। उसके मारे जाने से बिहार और उत्तर प्रदेश पुलिस ने राहत की सांस ली है। हालांकि उसका फरार साथी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है, जिसकी तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस कार्रवाई के बाद कई पुराने आपराधिक मामलों की जांच में भी नई जानकारी सामने आएगी।






