बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) की 71वीं संयुक्त प्रतियोगिता मुख्य परीक्षा आज, 25 अप्रैल से शुरू हो गई है, जो 30 अप्रैल तक चलेगी। इस महत्वपूर्ण परीक्षा के लिए राजधानी पटना में कुल 22 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां 13,024 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। इस भर्ती प्रक्रिया के जरिए राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में कुल 1,298 पदों पर नियुक्ति की जाएगी।
यह मुख्य परीक्षा अभ्यर्थियों के लिए बेहद अहम मानी जा रही है, क्योंकि इसके माध्यम से प्रशासनिक सेवा सहित कई महत्वपूर्ण पदों पर बहाली होगी। लिखित परीक्षा में सफल होने वाले उम्मीदवारों को अगली प्रक्रिया यानी इंटरव्यू से गुजरना होगा।
आयोग ने परीक्षा को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अभ्यर्थियों को उत्तर पुस्तिका में केवल एक ही रंग की स्याही—काली या नीली—का उपयोग करना होगा। यदि किसी कारणवश स्याही बदलनी पड़ती है, तो इसके लिए वीक्षक के हस्ताक्षर अनिवार्य होंगे।
परीक्षा का आयोजन अलग-अलग दिनों में विभिन्न विषयों के अनुसार किया जा रहा है। 25 अप्रैल को दो पालियों में परीक्षा हो रही है—पहली पाली में सामान्य हिंदी (सुबह 9:30 से 12:30 बजे तक) और दूसरी पाली में निबंध (दोपहर 2 से शाम 5 बजे तक)। इसके बाद 27 अप्रैल को सामान्य अध्ययन का पहला पेपर और 28 अप्रैल को दूसरा पेपर आयोजित होगा। 29 अप्रैल को ऐच्छिक विषय की परीक्षा और 30 अप्रैल को वित्तीय प्रशासनिक पदाधिकारी से संबंधित ऐच्छिक विषय का पेपर होगा।
इस भर्ती के तहत 100 सीनियर डिप्टी कलेक्टर, 14 डीएसपी, 79 एफएसओ, 459 प्रखंड अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी और 502 प्रखंड सहकारिता पदाधिकारी समेत कई अहम पद भरे जाएंगे।
परीक्षा नियंत्रक राजेश कुमार के अनुसार, सभी केंद्रों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित हैं और अभ्यर्थियों को परीक्षा शुरू होने से दो घंटे पहले केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य है। परीक्षा से एक घंटे पहले गेट बंद कर दिए जाएंगे, इसके बाद किसी को प्रवेश नहीं मिलेगा।
