बांका जिले में हुए सड़क हादसे में घायल एक महिला की भागलपुर स्थित जवाहर लाल नेहरू चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल (मायागंज अस्पताल) में इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद मृतका के परिजनों ने अस्पताल के चिकित्सकों पर इलाज में लापरवाही का गंभीर आरोप लगाया है। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
मृतका की पहचान बांका जिले के नवादा ओपी क्षेत्र अंतर्गत विष्णुपुर गांव निवासी खुशबू देवी (30 वर्ष), पति विजय पाल के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार खुशबू देवी सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गई थीं, जिसके बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए मायागंज अस्पताल रेफर किया गया था।
मृतका के देवर अभिषेक ने आरोप लगाया कि अस्पताल पहुंचने के समय खुशबू देवी की हालत स्थिर थी और उन्हें इलाज मिलने की उम्मीद थी। लेकिन इलाज के दौरान एक इंजेक्शन लगाए जाने के बाद अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और कुछ ही देर बाद उनकी मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि अगर समय पर सही इलाज और बेहतर चिकित्सा सुविधा मिलती तो शायद खुशबू देवी की जान बचाई जा सकती थी।
जानकारी के अनुसार खुशबू देवी गांव के ही दीपक कुमार की मोटरसाइकिल से इलाज कराने जा रही थीं। बाइक पर दीपक कुमार की पत्नी रिंकी देवी भी सवार थीं। इसी दौरान रास्ते में एक तेज रफ्तार ट्रक ने मोटरसाइकिल में टक्कर मार दी। हादसे में बाइक सवार तीनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
हादसे के बाद दीपक कुमार और रिंकी देवी का इलाज धोरैया अस्पताल में चल रहा है, जबकि खुशबू देवी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें मायागंज अस्पताल रेफर किया गया था। जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलने के बाद बरारी कैंप थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। वहीं परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन से पूरे मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।






