
जामताड़ा में रूपी सोरेन के निधन से शोकाकुल बानेश्वर पाल ने जताया सम्मान, रविवार को शिवू सोरेन चौक पर होगा श्राद्ध कर्म और भोजन वितरण
**जामताड़ा। संतोष कुमार की रिपोर्ट।**
झारखंड में दिवंगत नेताओं के प्रति सम्मान और श्रद्धा व्यक्त करने का एक अनोखा और भावुक मामला जामताड़ा जिले के नाला प्रखंड से सामने आया है। यहां राधाबल्लभपुर गांव निवासी बानेश्वर पाल ने अपना सिर मुंडवाकर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की माता और दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन की धर्मपत्नी रूपी सोरेन को श्रद्धांजलि अर्पित की। उनके इस कदम की चर्चा इलाके में हो रही है।
बताया जाता है कि बानेश्वर पाल ने इससे पहले दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन के निधन पर भी सिर मुंडवाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी थी। अब रूपी सोरेन के निधन पर उन्होंने एक बार फिर इसी तरह शोक व्यक्त करते हुए उनके प्रति अपनी गहरी संवेदना प्रकट की है।
**रूपी सोरेन पूरे झारखंड की माता थीं**
इस मौके पर बानेश्वर पाल भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि रूपी सोरेन केवल मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के परिवार की सदस्य नहीं थीं, बल्कि वह पूरे झारखंड की माता थीं। उन्होंने कहा कि रूपी सोरेन एक महान आंदोलनकारी की पत्नी होने के साथ-साथ स्वयं भी आंदोलनकारी महिला थीं। झारखंड आंदोलन में उनका योगदान अविस्मरणीय रहा है। उनके निधन से पूरे झारखंड को अपूरणीय क्षति हुई है।
बानेश्वर पाल ने कहा कि रूपी सोरेन के प्रति सम्मान और श्रद्धा व्यक्त करने के लिए उन्होंने सिर मुंडवाकर उन्हें अपनी भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी है। उनके इस कदम को दिवंगत आत्मा के प्रति सम्मान और भावनात्मक जुड़ाव के रूप में देखा जा रहा है।
इस अवसर पर नापित उज्ज्वल भंडारी, प्रमोद माजी समेत कई ग्रामीण मौजूद रहे। सभी ने दिवंगत रूपी सोरेन के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की।
**रविवार को होगा श्राद्ध कर्म और भोजन वितरण**
बानेश्वर पाल ने जानकारी दी कि रविवार को देवलकुंडा और राधाबल्लभपुर गांव के बीच स्थित आरोग्य अस्पताल के समीप शिवू सोरेन चौक पर स्वर्गीय रूपी सोरेन की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध कर्म का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान लोगों के बीच भोजन का वितरण भी किया जाएगा। आयोजन के माध्यम से दिवंगत रूपी सोरेन को श्रद्धांजलि अर्पित की जाएगी।







