जिस बेटे के सहारे परिवार की उम्मीदें टिकी थीं, आज उसी की तलाश में मां-बाप दर-दर भटक रहे हैं। हर स्टेशन पर पहुंचते ही उनकी नजरें अपने लाल को खोजने लगती हैं, लेकिन हर बार उन्हें निराश होकर लौटना पड़ता है। मामला भागलपुर जिले के अकबरनगर थाना क्षेत्र के हरियो पानीटंकी गांव का है, जहां का रहने वाला सन्नी कुमार मंडल अहमदाबाद से घर लौटने के दौरान रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गया। परिजनों ने उसके साथ यात्रा कर रहे फैक्टरी के मुंशी पर संदेह जताया है और पुलिस से बेटे की सकुशल बरामदगी की गुहार लगाई है।
जानकारी के मुताबिक, गांव निवासी पवन मंडल का बड़ा बेटा सन्नी कुमार मंडल एक सितंबर को मजदूरी करने गुजरात के अहमदाबाद गया था। वहां वह एक फैक्टरी में काम करता था। इसी दौरान पिता की तबीयत खराब होने की सूचना मिलने पर सन्नी नौ सितंबर को ट्रेन संख्या 19423 अमृत भारत एक्सप्रेस से भागलपुर के लिए रवाना हुआ था। लेकिन घर पहुंचने से पहले ही वह लापता हो गया।
सन्नी के पिता पवन मंडल के अनुसार, उनका बेटा फैक्टरी के मुंशी और बेगूसराय निवासी सिकंदर कुमार के साथ यात्रा कर रहा था। दानापुर स्टेशन पहुंचने के दौरान सन्नी की परिवार से फोन पर बात हुई थी। उसने बताया था कि वह मुंशी के साथ है और उसकी मजदूरी का बकाया पैसा भी मुंशी के पास है। उसने जल्द घर पहुंचने की बात कही थी। हालांकि, अगले दिन तक सन्नी घर नहीं पहुंचा और उसका मोबाइल फोन भी बंद हो गया।
इसके बाद परिजनों ने अहमदाबाद, दानापुर, पटना और भागलपुर के रेलवे स्टेशनों पर उसकी तलाश की। आरोप है कि रेल पुलिस से मदद मांगने के बावजूद उन्हें अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। अंततः भागलपुर के एसएसपी से गुहार लगाने के बाद अकबरनगर थाना में जीरो एफआईआर दर्ज कराई गई।
इधर, सन्नी की मां सविता देवी और पिता पवन मंडल बेटे की वापसी की उम्मीद लगाए बैठे हैं। घर में हर आहट पर उन्हें उसके लौटने का इंतजार रहता है। परिवार ने पुलिस से मामले की गंभीरता से जांच कर सन्नी का जल्द पता लगाने की मांग की है। फिलहाल युवक के लापता होने के पीछे की सच्चाई स्पष्ट नहीं है। फैक्टरी के मुंशी पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।






