भागलपुर। नाथनगर प्रखंड के एक मध्य विद्यालय में महिला शिक्षिकाओं की शिकायत के बाद शिक्षा विभाग में हलचल तेज हो गई है। महिला शिक्षिकाओं ने प्रधानाध्यापक समेत कुछ पुरुष शिक्षकों पर अशोभनीय व्यवहार, अभद्र टिप्पणी, अनुचित इशारे, मानसिक उत्पीड़न और विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को प्रभावित करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत सामने आने के बाद विभाग ने मामले की स्थानीय स्तर पर जांच कराने का निर्देश दिया है।
शिकायत के अनुसार, विद्यालय में कार्यरत महिला शिक्षिकाओं ने कथित व्यवहार से मानसिक परेशानी होने की बात कही है। उनका आरोप है कि ऐसी परिस्थितियों का असर विद्यालय के शैक्षणिक और कार्य वातावरण पर भी पड़ रहा है। शिक्षिकाओं ने मामले में कार्रवाई और न्याय की मांग करते हुए जिला प्रशासन के समक्ष भी आवेदन दिया है।
बताया गया है कि इस मामले की शिकायत सहयोग पोर्टल पर भी दर्ज कराई गई थी। 17 सितंबर को शिकायत मिलने के बाद विभागीय स्तर पर मामले की जानकारी सामने आई। इसके बाद 22 सितंबर को जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय की ओर से मामले की जांच का निर्देश जारी किया गया।
जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय के निर्देश के बाद प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, नाथनगर को शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्थानीय स्तर पर जांच करने और अविलंब जांच प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा गया है। विभागीय जांच के दौरान शिकायत में दर्ज तथ्यों और आरोपों की वास्तविकता की पड़ताल की जाएगी।
अब जांच रिपोर्ट पर सभी की नजर है। जांच के दौरान क्या तथ्य सामने आते हैं और शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि होती है या नहीं, यह रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों के खिलाफ विभागीय स्तर पर क्या कार्रवाई की जाती है, यह भी जांच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगा।
विद्यालय जैसे शिक्षण संस्थान में शिक्षक-शिक्षिकाओं के लिए सम्मानजनक और सुरक्षित कार्य वातावरण जरूरी माना जाता है। ऐसे में महिला शिक्षिकाओं की शिकायत ने मामले को संवेदनशील बना दिया है। विभागीय जांच से आरोपों की वास्तविकता सामने आने के साथ विद्यालय के शैक्षणिक और प्रशासनिक माहौल की स्थिति भी स्पष्ट होने की उम्मीद है।






