पूर्णिया जिले के भवानीपुर प्रखंड के सोनडीहा लाठी पंचायत स्थित सोनडीहा सरस्वती मंदिर प्रांगण में इस वर्ष भी हर साल की भांति 77वां तीन दिवसीय भगैत बाबा विशु महा सम्मेलन बड़े उत्साह और भव्यता के साथ आयोजित किया गया। यह आयोजन अखिल भारतीय भगैत महासंघ के बैनर तले संपन्न हुआ, जिसमें दूर-दराज के क्षेत्रों से आए भगैत पंजियारों ने अपनी पारंपरिक प्रस्तुतियों से उपस्थित श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम के दौरान पूरे क्षेत्र में भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण छाया रहा। भक्तों ने भगैत परंपरा और लोक संस्कृति का आनंद लेते हुए मंत्रोच्चारण और गीत-संगीत का रस ग्रहण किया। स्थानीय लोगों का उत्साह इस आयोजन में चार चाँद लगा रहा। ग्रामीण और श्रद्धालु बड़ी संख्या में सम्मेलन में शामिल हुए और तीन दिवसीय कार्यक्रम का भरपूर आनंद लिया।
सम्मेलन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और सोनडीहा पंचायत के मुखिया चंदु यादव ने बताया कि इस महा सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य भगैत परंपरा और स्थानीय लोक संस्कृति को संरक्षित करना तथा नई पीढ़ी तक पहुँचाना है। उन्होंने कहा कि सम्मेलन से न केवल भक्ति भाव जागृत होता है, बल्कि यह सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूती देता है।
तीन दिवसीय इस महा सम्मेलन में पारंपरिक भगैत गीतों, ढोलक और अन्य वाद्य यंत्रों की थाप ने उपस्थित लोगों को भावविभोर कर दिया। हर प्रस्तुति में लोकसंस्कृति और आध्यात्मिक संदेशों का अद्भुत समावेश देखने को मिला। आयोजन स्थल पर सुरक्षा और व्यवस्था का पूरा ध्यान रखा गया था, जिससे श्रद्धालु आराम और श्रद्धा के साथ कार्यक्रम का आनंद ले सके।
इस धार्मिक और सांस्कृतिक महोत्सव ने सोनडीहा और आसपास के क्षेत्रों में उत्सव जैसा माहौल पैदा कर दिया। भक्तों की भक्ति, संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय और आनंदपूर्ण बना दिया। तीन दिवसीय सम्मेलन का समापन होने के बाद भी इसके प्रभाव और भक्ति की गूंज लंबे समय तक स्थानीय लोगों के मन में बनी रहेगी।
