पूर्व मध्य रेल डीडी-गया रेलखंड पर रविवार को हाई स्टेट ट्रेन परिचालन की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया। इस रूट पर 180 किमी प्रति घंटे की सफलता के साथ सफलताओं का चयन किया गया, जिसे रेलवे के लिए एक अहम उपलब्धि माना जा रहा है। इस परीक्षण के बाद अब इस रेलखंड पर सेमी हाई स्टेक और हाई स्टेक के स्टॉक ऑपरेशन का रास्ता लगभग साफ हो गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, ट्रायल के दौरान ट्रेन सुबह 11 बजे 3 मिनट पर डीडीयू से निकली और 1 घंटा 57 मिनट में 212 किमी की दूरी तय कर दोपहर 12 बजे 57 मिनट पर पहुंच गई। वर्तमान में राजधानी एक्सप्रेस जैसी ट्रेन की दूरी तय करने में लगभग 3 घंटे का समय लगता है। ऐसे में इस तेज सचिवालय ने न केवल रेलवे अधिकारियों को बल्कि आम लोगों को भी हैरान कर दिया।
ट्रायल के दौरान ट्रेन में जीपीएस सिस्टम, सिग्नल सिस्टम, सुरक्षा मानक और पूरे रिकार्ड की जांच की गई। रेलवे के मुताबिक, हर स्तर पर परीक्षण सफल हो रहा है और इसकी विस्तृत रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंपी जाएगी।
पूर्व मध्य रेल के डी.आर. उदय सिंह मीना ने बताया कि इससे पहले 160 किलोमीटर प्रति घंटा की दर से सेल्समैन तक का भुगतान किया जा चुका है। अब 180 किमी/घंटा का परीक्षण भी पोर्टफोलियो में आ रहा है, जिससे इस रूट पर सत्यापन के लिए स्टॉक ऑपरेशन का मार्ग प्रशस्त होगा।
रेल प्रशासन का कहना है कि आने वाले समय में इस रूट पर यात्रियों को कम समय में लंबी दूरी तय करने की सुविधा मिलेगी। इससे, डीडीयू और झारखंड के बीच समानताएं और मजबूती होगी।
साथ ही रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण और सौंदर्यीकरण का कार्य भी तेजी से जारी है। अधिकारियों ने निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए कार्यों को दूर करने के निर्देश दिए हैं। रेलवे का लक्ष्य है कि यात्रियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और इस रेलखंड को आधुनिक और तेज बनाया जाए।
