इस वर्ष बेहद खास ज्योतिषीय संयोग लेकर आ रही है। द्रिक पंचांग के अनुसार, साल 2026 में नवमी तिथि 26 और 27 मार्च दोनों दिन पड़ रही है, जिससे भक्तों को पूजा-पाठ और कन्या पूजन के लिए अधिक समय मिलेगा। ज्योतिषीय गणनाओं के मुताबिक, इस बार ग्रहों की स्थिति कुछ राशियों के लिए नए अवसरों और सफलता के द्वार खोल सकती है।
लखनऊ के ज्योतिषाचार्य डॉ. उमाशंकर मिश्र के अनुसार, इस दिन सूर्य और गुरु का प्रभाव शुभ फल देने वाला रहेगा। साथ ही चंद्रमा और गुरु की युति से ‘गजकेसरी राजयोग’ बन रहा है, जो अत्यंत शुभ माना जाता है। इसके अलावा, शुक्र का मेष राशि में प्रवेश और अश्विनी नक्षत्र में स्थित होना ऐश्वर्य और समृद्धि का संकेत देता है। इन विशेष योगों का लाभ खासकर मेष, कन्या और मीन राशि के जातकों को मिल सकता है।
मेष राशि के लिए यह समय बेहद अनुकूल रहेगा। व्यापार में विस्तार के योग बनेंगे और रुका हुआ धन वापस मिल सकता है। नए संपर्क आपके करियर को नई दिशा दे सकते हैं। परिवार में भी सुख-शांति बनी रहेगी।
कन्या राशि वालों को निवेश से लाभ मिलने की संभावना है। शेयर बाजार या संपत्ति से जुड़ी खुशखबरी मिल सकती है। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन या नई नौकरी के अवसर मिलेंगे। पुराने विवाद खत्म होंगे और मानसिक तनाव कम होगा।
मीन राशि के लिए यह समय नई शुरुआत का संकेत है। आत्मविश्वास बढ़ेगा और व्यापारिक यात्राएं लाभदायक रहेंगी। विवाह के इच्छुक लोगों को अच्छे प्रस्ताव मिल सकते हैं और स्वास्थ्य में सुधार होगा।
इस दिन भगवान श्रीराम और मां सिद्धिदात्री की पूजा विशेष फलदायी मानी गई है। साथ ही कन्या पूजन करने से कुंडली के दोष दूर होते हैं और घर में सुख-समृद्धि का आगमन होता है।
