बिहार की सियासत में बयानबाज़ी लगातार तेज होती जा रही है। जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने मुंगेर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने जेडीयू पर परिवारवाद का आरोप लगाते हुए कहा कि जो पार्टी कभी इस राजनीति के खिलाफ थी, आज वही उसी राह पर चल रही है।
मुंगेर दौरे के दौरान प्रशांत किशोर ने एक निजी होटल में तीनों विधानसभा क्षेत्रों के संभावित उम्मीदवारों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। इस बैठक में संगठन विस्तार और आगामी रणनीति को लेकर चर्चा की गई। मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य जन सुराज अभियान को गांव-गांव और हर व्यक्ति तक पहुंचाना है, ताकि एक मजबूत राजनीतिक विकल्प तैयार किया जा सके।
हालांकि इस दौरान उनका सबसे तीखा निशाना मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर ही रहा। प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार में लगभग सभी राजनीतिक दलों में परिवारवाद की परंपरा रही है और अब जेडीयू भी इससे अलग नहीं रही। उन्होंने आरोप लगाया कि नीतीश कुमार, जो पहले परिवारवाद के विरोध में मुखर रहते थे, अब खुद उसी रास्ते पर बढ़ते दिख रहे हैं।
इसके अलावा, प्रशांत किशोर ने नीतीश कुमार के नेतृत्व और कार्यशैली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री की “शारीरिक और मानसिक स्थिति” को लेकर पहले भी उन्होंने चिंता जताई थी और भविष्यवाणी की थी कि वे लंबे समय तक पद पर नहीं रह पाएंगे। उन्होंने कहा कि राजनीतिक परिस्थितियों के दबाव में मुख्यमंत्री को पद छोड़ना पड़ सकता है।
प्रशांत किशोर ने एक बड़ा राजनीतिक संकेत देते हुए कहा कि आने वाले समय में बिहार की सत्ता ऐसे लोगों के हाथ में जा सकती है, जिनकी प्राथमिकता बिहार नहीं बल्कि गुजरात होगी। उन्होंने आशंका जताई कि इससे राज्य की आर्थिक दिशा प्रभावित हो सकती है और स्थानीय लोगों को रोजगार के बजाय मजदूरी तक सीमित रहना पड़ सकता है।
इस बयान के बाद बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है।
