बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट थाना क्षेत्र के चोरनिया गांव में हुए चर्चित गोलीकांड ने प्रदेश की राजनीति को गर्मा दिया है। नेता प्रतिपक्ष Tejashwi Yadav ने इस मामले को लेकर सरकार और पुलिस प्रशासन पर तीखा हमला बोला है। बुधवार को तेजस्वी यादव चोरनिया गांव पहुंचे, जहां उन्होंने मृतक जगतवीर राय के परिजनों से मुलाकात कर न्याय दिलाने का भरोसा दिया।
तेजस्वी यादव ने कहा कि घटना के आठ दिन बीत जाने के बावजूद अब तक दोषियों की गिरफ्तारी नहीं होना बेहद चिंताजनक है। उन्होंने साफ चेतावनी दी कि अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो पूरे मुजफ्फरपुर जिले में आंदोलन किया जाएगा और जिला बंद कराया जाएगा। उन्होंने कहा, “विपक्ष को कमजोर समझने की भूल सरकार न करे, जनता सड़कों पर उतर आई तो हालात संभालना मुश्किल हो जाएगा।”
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि एनडीए शासन में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। पहले अपराधियों का भय था, अब पुलिस की कार्यशैली पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि छापेमारी के दौरान एक दारोगा कथित तौर पर नशे की हालत में था और उसी ने गोली चलाई, जिससे जगतवीर राय की मौत हो गई।
तेजस्वी यादव ने कहा कि इस मामले में किसी भी तरह की लीपापोती बर्दाश्त नहीं की जाएगी और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए मानवाधिकार आयोग में भी शिकायत दर्ज कराई जाएगी।
गौरतलब है कि 17 मार्च को पोक्सो एक्ट के एक आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस टीम चोरनिया गांव पहुंची थी। इसी दौरान ग्रामीणों और पुलिस के बीच विवाद बढ़ गया, जो हिंसक झड़प में बदल गया। पुलिस का कहना है कि आत्मरक्षा में हवाई फायरिंग की गई, जबकि ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस ने सीधे गोली चलाई।
इस घटना में जगतवीर राय की गोली लगने से मौत हो गई। परिजनों ने थानाध्यक्ष पर सीने में गोली मारने का गंभीर आरोप लगाया है। घटना के बाद से इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है और पुलिस जांच में जुटी है, जबकि विपक्ष लगातार सरकार पर दबाव बना रहा है।
मुजफ्फरपुर, बिहार | संजीव कुमार
