बिहार के मुख्यमंत्री Nitish Kumar के पुत्र Nishant Kumar आज पटना स्थित प्रसिद्ध Mahavir Mandir पहुंचे, जहां उन्होंने विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की और बिहार प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। मंदिर परिसर में दर्शन के दौरान श्रद्धालुओं की काफी भीड़ देखने को मिली और माहौल पूरी तरह भक्तिमय बना रहा।
निशांत कुमार ने मंदिर में भगवान हनुमान के समक्ष माथा टेका और राज्य के लोगों के बेहतर भविष्य तथा सामाजिक सौहार्द की प्रार्थना की। पूजा-अर्चना के बाद उन्होंने मंदिर का प्रसिद्ध नैवेधम प्रसाद भी लिया। बाद में उन्होंने यह प्रसाद अपने पिता मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भी खिलाया।
इस अवसर पर निशांत कुमार ने कहा कि उन्हें अपने पिताजी से हमेशा यह सीख मिली है कि समाज में सभी धर्मों और वर्गों के लोगों का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि उनके पिता की राजनीति हमेशा समावेशी सोच पर आधारित रही है, जिसमें समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलने की भावना शामिल है।
निशांत कुमार ने कहा कि बिहार की पहचान उसकी विविधता, भाईचारे और गंगा-जमुनी संस्कृति से है। यहां अलग-अलग धर्म और समुदाय के लोग वर्षों से आपसी प्रेम और सम्मान के साथ रहते आए हैं। यही सामाजिक सद्भाव राज्य की सबसे बड़ी ताकत है।
उन्होंने आगे कहा कि समाज में प्रेम, सद्भाव और आपसी सम्मान को मजबूत करना हम सभी की जिम्मेदारी है। अगर समाज में एकता और भाईचारा कायम रहेगा तो प्रदेश का विकास भी तेज गति से होगा और हर वर्ग को आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा।
मंदिर परिसर में मौजूद श्रद्धालुओं और लोगों ने भी निशांत कुमार का स्वागत किया। कई लोगों ने उनके साथ तस्वीरें खिंचवाईं और उन्हें शुभकामनाएं दीं। लोगों का कहना था कि धार्मिक स्थलों पर आकर प्रदेश की खुशहाली के लिए प्रार्थना करना समाज में सकारात्मक संदेश देता है।
निशांत कुमार ने अंत में कहा कि वे अपने पिता की उस सोच और परंपरा को आगे बढ़ाने का प्रयास करेंगे, जिसमें सभी धर्मों और समाज के हर वर्ग के प्रति सम्मान और सौहार्द की भावना सर्वोपरि है।
