सांसद ने विभागीय अधिकारियों के साथ की जांच तो खुली पोल
सांसद अजय मंडल ने शनिवार दोपहर आपदा प्रबंधन विभाग के एडीएम विकास कुमार और बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता दिनेश कुमार के साथ नवगछिया अनुमंडल के तहत पांच जगहों पर चल रहे कटावरोधी कामों का जायजा लिया। इनमें बिंदटोली, बैसी, चोरहर पुल, रतनपुरा, मैरेहा और इस्माइलपुर-बिंदटोली के स्पर एक, पांच और नौ का निरीक्षण किया ।
इस दौरान इस्माइलपुर दुर्गा मंदिर के निकट स्पर एक के अप स्ट्रीम में जल संसाधन विभाग द्वारा 100 मीटर में कराए गए कटावरोधी काम में अनियमितता पाई। इसके बाद तत्काल नए सिरे से काम कराने का निर्देश विभाग के अभियंताओं को दिया। दरअसल, ग्रामीणों ने गुणवत्तापूर्ण काम नहीं होने की शिकायत प्रशासन से की थी। सांसद ने बताया कि निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों के आरोप सही पाए गए। जिओ बैग व नायलोन कैरेट दोयम दर्जे के दिखे। बालू की जगह जिओ बैग में मिट्टी डाली गई है।
नायलोन कैरेट को एक दूसरे से बांधा गया था। इससे गंगा के जलस्तर में वृद्धि होने पर जिओ बैंग बिखर कर पानी में समा जायेगा। मुखिया प्रतिनिधि अनिल पोद्दार ने अधिकांश जिओ बैग में बालू की जगल मिट्टी भरने और घटिया कार्य कराने की शिकायत सांसद से की।
सांसद ने स्पर छह एन पर कराए गए कटावरोधी काम को भी देखा। उन्होंने कहा कि सबसे संवेदनशील स्पर पांच से लेकर स्पर सात के बीच है। जिस पर गुणवत्तापूर्ण कार्य कराने का निर्देश दिया गया ।
कार्यपालक अभियंता ने बताया कि इस्माइलपुर- विंदटोली के बीच लगभग काम पूरा करा लिया गया है। मौके पर गोपालपुर सीओ राजकिशोर शर्मा, जेई परमानंद पंडित आदि मौजूद थे।
बता दें कि जिले के पांच प्रखंडों में 10 जगहों पर गंगा और कोसी तट पर जल संसाधन विभाग की ओर से कटावरोधी काम कराया जा रहा है, ताकि इन इलाकों को बाढ़ और कटाव से बचाया जा सके।
सूबे के जल संसाधन मंत्री संजय कुमार झा ने सभी जगहों पर 15 मई तक हर हाल में कटावरोधी काम पूरा कराने के निर्देश दिए हैं। हालांकि अभी कई जगहों पर 40 फीसदी से अधिक काम बाकी है।
