भागलपुर के व्यस्ततम तिलकामांझी चौक पर सड़क सुरक्षा को लेकर जीवन जागृति सोसाइटी की ओर से एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य आम लोगों को यातायात नियमों के पालन के प्रति जागरूक करना और सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना था। अभियान के दौरान चौक पर मौजूद दो पहिया और चार पहिया वाहन चालकों को रोक-रोक कर यातायात नियमों की जानकारी दी गई।
इस मौके पर दो पहिया वाहन चालकों से बिना हेलमेट वाहन नहीं चलाने की अपील की गई। साथ ही यह भी स्पष्ट रूप से बताया गया कि केवल चालक ही नहीं, बल्कि दो पहिया वाहन पर पीछे बैठने वाली सवारी के लिए भी हेलमेट पहनना अनिवार्य है। सोसाइटी के सदस्यों ने लोगों को समझाया कि हेलमेट का उपयोग सिर को गंभीर चोट से बचाता है और कई मामलों में यह जीवन रक्षक साबित होता है।
वहीं चार पहिया वाहन चालकों को सीट बेल्ट के महत्व के बारे में जागरूक किया गया। अभियान के दौरान उन्हें बताया गया कि सीट बेल्ट न केवल कानूनन जरूरी है, बल्कि दुर्घटना की स्थिति में यह जान बचाने में अहम भूमिका निभाता है। यातायात पुलिस और सोसाइटी के सदस्यों ने नियमों की अनदेखी से होने वाले संभावित खतरों के बारे में भी जानकारी दी।
इस जागरूकता अभियान में जीवन जागृति सोसाइटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अजय सिंह, यातायात डीएसपी संजय कुमार, यातायात इंस्पेक्टर वीरेंद्र राम, सोसाइटी के कई सदस्य और यातायात पुलिस के जवान मौजूद रहे। सभी ने मिलकर आम लोगों को सड़क सुरक्षा का संदेश दिया।
मौके पर डॉ. अजय सिंह ने बताया कि जीवन जागृति सोसाइटी लंबे समय से सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में लगातार कार्य कर रही है। सोसाइटी का प्रयास है कि लोगों को यह समझाया जाए कि थोड़ी सी सावधानी और नियमों का पालन कर बड़ी दुर्घटनाओं से बचा जा सकता है। इस दौरान उन्होंने उन लोगों से भी बातचीत की, जो पहले सड़क दुर्घटना का शिकार हो चुके थे और वर्तमान में हेलमेट का उपयोग कर रहे हैं।
डॉ. अजय सिंह ने बताया कि कई लोगों ने स्वीकार किया कि हेलमेट पहनने की वजह से उनकी जान बची और वे गंभीर चोटों से सुरक्षित रहे। इस अभियान के माध्यम से लोगों को यातायात नियमों का पालन कर सुरक्षित और जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया गया।
