जामताड़ा जिले के नाला प्रखंड के देवली-कुलडंगाल गांव में गुरुवार को भगवान बजरंगबली मंदिर का शोधन-संस्कार और मूर्ति स्थापना धूमधाम से संपन्न हुई। सुबह से ही मंदिर परिसर में भक्तिमय माहौल देखने को मिला। बैंड-बाजा, धर्मध्वज, मंगल ध्वनि और “जय श्री राम” के उद्घोष के साथ भव्य कलश यात्रा शुरू हुई। इस शोभायात्रा में आसपास के क्षेत्रों से 108 कन्याओं समेत सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए।
कलश यात्रा मंदिर प्रांगण से शुरू होकर देवली-कुलडंगाल और देवलेश्वर धाम होते हुए शिवगंगा तक पहुँची। जाने-माने आचार्य अजित भट्टाचार्य के मार्गदर्शन में वैदिक रीति-रिवाज से मिट्टी के कलशों में पवित्र जल संग्रह किया गया। ललाट पर धर्म पट्टी बांधकर और रंग-बिरंगे परिधानों से सजकर कन्याओं की उपस्थिति ने माहौल को अत्यंत भक्तिमय बना दिया। शिवगंगा से वापसी के दौरान श्रद्धालुओं के जयकारों और “जय श्री राम” की गूंज से पूरा इलाका उत्साह और श्रद्धा से भर गया।
कलश यात्रा के समापन के बाद मंदिर में पूजार्चना का विधिपूर्वक आयोजन किया गया। आचार्य ने भूमि पूजन, आसन-जल-पुष्प शुद्धि और नैवेद्य अर्पण सहित सभी धार्मिक कर्मकांड संपन्न किए। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित भक्तों में प्रसाद वितरण किया गया।
आयोजन समिति के अनुसार, रात में पश्चिम बंगाल के पांडेश्वर से बांग्ला कीर्तन शिल्पी अनुष्का साधु का भगवान बजरंगबली पर कीर्तन होगा, जिसे देखने के लिए भक्त उत्साहित हैं।
इस अवसर पर श्यामा पद मंडल, अजीत कुमार पाल, समीर कुमार नंदी, उज्जल कुमार मंडल, रतन कुमार दास, साधन कुमार दे, दानी नाथ कर, प्रथम कुमार राउत, मानिक चंद्र पाल, लालटू दास, सीटू कर, शांतो कुमार दास, बबलू नंदी, मंजय कुमार विद, बापी कर सहित बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाएं-पुरुष श्रद्धालु मौजूद रहे।
सभी कार्यक्रम शांतिपूर्ण रूप से संपन्न हुए। व्यवस्था के लिए नाला थाना के सहायक अवर निरीक्षक चंदन कुमार सिंह और पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहे।
