सहरसा जिले के महिषी प्रखण्ड स्थित ऐना पंचायत में कल शाम चुनावी रंजिश के चलते दो परिवारों के बीच जमकर मारपीट हुई। इस हिंसक झड़प में कई लोग घायल हो गए और स्थानीय लोगों में भारी चिंता का माहौल पैदा हो गया।
पंचायत समिति सदस्य मोहम्मद एजाजुल ने बताया कि घटना उनके घर के पास हुई, जहां बच्चों के बीच छोटी-मोटी झड़प हो रही थी। “हम केवल बच्चों के बीच आपसी विवाद सुलझाने के लिए वहां पहुंचे थे, लेकिन अचानक पूर्व पंचायत समिति सदस्य ने गाली गलौज शुरू कर दी। विवाद जल्द ही हाथापाई में बदल गया और हम पर हमला कर दिया गया। इस हमले में कई लोग घायल हुए हैं,” उन्होंने कहा।
मोहम्मद एजाजुल ने यह भी बताया कि यह घटना पिछले पंचायत समिति चुनाव के बाद से जारी आपसी रंजिश का परिणाम है। “पिछले चुनाव में हमारी जीत के बाद से पूर्व सदस्य बार-बार गाली गलौज और हिंसा पर उतारू रहते हैं। कल की घटना उसी प्रवृत्ति की निरंतरता थी,” उन्होंने कहा।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। घायल व्यक्तियों को तत्काल सदर अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की बात कही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाओं से पंचायत का माहौल बिगड़ रहा है। वे चाहते हैं कि प्रशासन जल्द ही इस पर सख्त कदम उठाए और भविष्य में ऐसी हिंसा को रोका जाए।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐना पंचायत में बढ़ते राजनीतिक तनाव और व्यक्तिगत विवाद इस तरह की हिंसा की मुख्य वजह हैं। राजनीतिक दृष्टिकोण से देखें तो छोटे मतभेद भी स्थानीय स्तर पर गंभीर संघर्ष में बदल सकते हैं, जैसा कि हाल की घटना में देखा गया।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल उठाया है कि चुनावी रंजिश और व्यक्तिगत खींचतान कैसे स्थानीय शांति और सामुदायिक सौहार्द को प्रभावित कर सकती है। पंचायत और प्रशासन के लिए यह चुनौती है कि वे तुरंत कदम उठाकर इस तरह की घटनाओं को रोकें और स्थानीय लोगों में सुरक्षा का भरोसा लौटाएं।
यह मारपीट न केवल दो परिवारों के बीच हुई व्यक्तिगत झड़प है, बल्कि यह सहरसा जिले में पंचायत चुनाव के बाद बढ़ती राजनीतिक तनाव का भी स्पष्ट संकेत है।
