मोकामा टाल के बबूराही टाल में शुक्रवार को अचानक वज्रपात के कारण आठ मजदूर घायल हो गए। सभी को आनन-फानन में स्थानीय किसान की मदद से मोकामा ट्रामा सेंटर पहुंचाया गया, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। डॉक्टरों की टीम तुरंत सभी का उपचार कर रही है।
जानकारी के अनुसार, सभी घायल मजदूर मोकामा टाल के घोसवरी थाना क्षेत्र में फसल काटने गए थे। मौसम अचानक खराब हुआ और तेज आंधी-बारिश के साथ वज्रपात हुआ। इस दौरान किसान ने तुरंत सभी मजदूरों को ट्रैक्टर पर सवार होने के लिए कहा ताकि वे सुरक्षित घर पहुँच सकें।
लेकिन घर लौटते समय ही ट्रैक्टर पर वज्रपात गिर गया और इस हादसे में कुल आठ लोग घायल हो गए। घायल मजदूरों में महिला और बच्चे भी शामिल हैं। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, ये मजदूर अलग-अलग जिलों जैसे मधेपुरा, खगड़िया और सहरसा से आए थे।
मोकामा टाल में फसल काटने के लिए प्रतिवर्ष बिहार के विभिन्न जिलों से मजदूर आते हैं। आम तौर पर ये लोग लगभग एक महीने तक टाल में फसल कटाई का काम करते हैं और उसके बाद अपने-अपने जिलों को लौट जाते हैं। स्थानीय लोग बताते हैं कि मौसम अचानक बदलने के कारण यह हादसा हुआ।
मोकामा ट्रामा सेंटर में सभी घायल मजदूरों का उपचार चल रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि सभी की हालत स्थिर है और इलाज में कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही है। प्रशासन और स्थानीय पुलिस भी घटना स्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रही है।
घटना ने टाल में कार्यरत मजदूरों और स्थानीय किसानों में हड़कंप मचा दिया। ग्रामीणों का कहना है कि वज्रपात के समय तत्काल सुरक्षित स्थान पर पहुंचना ही सबसे जरूरी था, और यही कारण है कि किसान ने मजदूरों को ट्रैक्टर पर सवार कर सुरक्षित स्थान पर लाने की कोशिश की।
मौसम विभाग ने भी अलर्ट जारी किया है कि आगामी दिनों में बिहार के कुछ हिस्सों में वज्रपात और तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना है। ऐसे में किसानों और मजदूरों से सावधानी बरतने की अपील की गई है।
मोकामा टाल हादसे ने एक बार फिर यह याद दिला दिया कि खेतों में काम करते समय मौसम की अनिश्चितताओं को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। घायल मजदूरों का इलाज जारी है और प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
