ब्राउन शुगर बेचने वालों ने मोहल्ले वालों की पिटाई कर दी। जिसके बाद लोगों ने थाने पहुंचकर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की लेकिन वहां सुनवाई नहीं होने पर मोहल्लेवासी एसपी ऑफिस पहुंच गए तब जाकर पुलिस हरकत में आई।

भागलपुर । ब्राउन शुगर-स्मैक बेचने वाले दागियों का आतंक इन दिनों सिर चढ़ कर बोलने लगा है। नशे के खिलाफ जब भीखनपुर गुमटी संख्या-दो मोहल्ले में आवाज उठने लगी तो नशे के सौदागरों ने विरोध करने वालों को हमला कर लहूलुहान कर दिया।

ब्राउन शुगर बेचने वालों की पिटाई से आहत लोग गोलबंद होकर मंगलवार को इशाकचक थाने पहुंच गए। वहां लोगों ने पुलिस पदाधिकारियों से ब्राउन शुगर-स्मैक बेचने वाले दागियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की। लोगों ने पुलिस टीम को साथ चलकर कार्रवाई करने को कहा। पुलिस के नहीं जाने पर थाना पहुंचे मोहल्ले के लोगों ने हंगामा करना शुरू कर दिया।

महिलाओं ने कहा कि उन्हें मोहल्ले में नशा बेचने वाले नहीं चाहिए। नशा बेचने वालों ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। घर की औरतें घरों से निकलने से भय खाने लगी हैं। सुबह से देर रात तक नशेड़ियों की आवाजाही लगी रहती। पुड़िया बेचने वाले भी सड़कों-गुमटियों पर मंडराते रहते हैं। कोई उन्हें बोलने वाला नहीं है।

एसपी ऑफिस पहुंचे लोग तो हरकत में आई पुलिस

लोगों की शिकायत सुनने के बाद भी पुलिस नशा बेचने वालों की टोह लेने मोहल्ले पुलिस नहीं पहुंची। इसके बाद लोग एसएसपी कार्यालय भी जा पहुंचे। वहां मोहल्ले में नशा बेचने वालों की सक्रियता और आतंक की जानकारी दे कार्रवाई का अनुरोध किया तो इशाकचक पुलिस हरकत में आई। ड्रग पैडलरों की पुलिस ने खोजबीन शुरू कर दी है।

विरोध करने पर इन्हें बेरहमी से पीटा

नशे के काले धंधे का विरोध करने पर 50 वर्षीय राम विलास दास, सचिता दास, गौरी देवी, सोनी देवी, विजय दास, राहुल कुमार को बेरहमी से पीटा गया। इशाकचक थानाक्षेत्र के झोपपड़पट्टी में ब्राउन शुगर-स्मैक बेचे जाने का विरोध करने पर इन्हें यह भी धमकी मिली कि आगे विरोध किया तो उनकी जान ले लेंगे।

मारपीट में जख्मी लोगों ने पुलिस को जानकारी दी है कि गुमटी संख्या-दो, भीखनपुर और झाेपड्पट्टी में अमरजीत उर्फ बीसिया का ग्रुप नशे के काले धंधे का संचालन कर रहा है। बीते पांच साल से लोग इस ग्रुप के लड़कों से परेशान है। ग्रुप के लड़के छात्रों को नशे की लत दो-तीन बार मुफ्त में नशीली पाउडर दे लगाते हैं, फिर उन्हें जेब से कंगाल बनाते हैं। उनकी सेहत भी खराब कर देता। लोगों का गुस्सा थाने में इस कदर फूट रहा था कि अजय नामक युवक की असामयिक मौत में ब्राउन शुगर बेचने वालों की तरफ से लत लगाने को ही कसूरवार ठहरा रहे थे।

पुलिस पर भी नरमी बरतने का आरोप

इशाकचक पुलिस पर भी लोगों ने नशा बेचने वालों पर कार्रवाई में नरमी बरतने का आरोप लगाया। हालांकि, इशाकचक थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर अशोक कुमार ने उन आरोपों से इनकार किया है। पुलिस का कहना है कि सरस्वती पूजा में गैर लाइसेंसी प्रतिमा बैठाने वाले चार दर्जन लोगों पर दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 107 की कार्रवाई की गई थी।

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