भागलपुर, बिहार से एक बड़ी और राहत भरी खबर सामने आ रही है। डाक विभाग अब डिजिटल युग में पूरी मजबूती से कदम रखने जा रहा है। सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अधीन कार्यरत डाक विभाग में ई-ऑफिस प्रणाली लागू की जा रही है, जिससे कामकाज में तेजी के साथ-साथ पारदर्शिता भी सुनिश्चित होगी।
ईस्टर्न ज़ोन बिहार के पोस्ट मास्टर जनरल मनोज कुमार ने आईएएनएस से बातचीत में बताया कि उनके नेतृत्व में ईस्टर्न ज़ोन के एक दर्जन से अधिक जिलों के पोस्ट ऑफिस मुख्यालयों को ई-ऑफिस प्रणाली से जोड़ा जा रहा है। यह पूरी प्रक्रिया फरवरी माह के अंत तक पूरी कर ली जाएगी। इसके बाद अधिकांश प्रशासनिक और कार्यालयी कार्य डिजिटल माध्यम से किए जाएंगे।
ई-ऑफिस प्रणाली लागू होने से फाइलों का डिजिटल निपटारा संभव होगा। इससे जहां एक ओर समय की बचत होगी, वहीं दूसरी ओर कागजी कार्यवाही पर निर्भरता कम होगी। अधिकारियों के अनुसार, इससे निर्णय प्रक्रिया तेज होगी और आम जनता से जुड़े मामलों का निष्पादन भी अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा।
डाक विभाग की यह पहल सिर्फ कार्यालयों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि आम नागरिकों और खासतौर पर युवाओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नई सुविधाएं भी शुरू की जा रही हैं। इसी कड़ी में भागलपुर से चलंत पासपोर्ट वैन की शुरुआत की जा रही है।
पोस्ट मास्टर जनरल मनोज कुमार ने बताया कि हाल ही में भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज परिसर में जेन-जी पोस्ट ऑफिस की शुरुआत की गई है। छात्रों की बढ़ती जरूरतों और समय की कमी को देखते हुए अब मोबाइल पासपोर्ट वैन के माध्यम से कॉलेज परिसर में ही पासपोर्ट से जुड़े कार्य किए जाएंगे। इससे छात्रों को पासपोर्ट आवेदन, दस्तावेज सत्यापन और अन्य प्रक्रियाओं के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
कुल मिलाकर, डाक विभाग की यह डिजिटल पहल न सिर्फ प्रशासनिक सुधार की दिशा में एक बड़ा कदम है, बल्कि आम लोगों और युवाओं के लिए सुविधाजनक, पारदर्शी और समय बचाने वाली व्यवस्था साबित होगी।
