सहरसा में लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के कार्यकर्ताओं द्वारा बहुजन नायक कांशीराम की 92वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। यह कार्यक्रम न्यू कॉलोनी स्थित जिला अध्यक्ष महेंद्र कुमार शर्मा के आवास पर आयोजित किया गया, जिसकी अध्यक्षता स्वयं जिला अध्यक्ष महेंद्र कुमार शर्मा ने की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए और कांशीराम साहब के विचारों को याद करते हुए उनके योगदान पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला अध्यक्ष महेंद्र कुमार शर्मा ने कहा कि बहुजन नायक कांशीराम साहब का जीवन संघर्ष और समर्पण की मिसाल है। उन्होंने बताया कि भीमराव अंबेडकर की विचारधारा और उनकी रचनाओं से प्रेरित होकर कांशीराम साहब ने अपनी वैज्ञानिक की नौकरी तक छोड़ दी और बहुजन समाज के उत्थान के लिए खुद को पूरी तरह समर्पित कर दिया। उन्होंने 6743 जातियों में बंटे समाज को एकजुट कर बहुजन समाज की मजबूत नींव रखी और दलित राजनीति को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई।
महेंद्र कुमार शर्मा ने कहा कि कांशीराम साहब का प्रसिद्ध नारा “वोट हमारा, राज तुम्हारा नहीं चलेगा” और “जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी हिस्सेदारी” आज भी सामाजिक न्याय की लड़ाई का मार्गदर्शन करता है। उन्होंने वंचित और पिछड़े वर्गों को राजनीतिक भागीदारी दिलाने के लिए कई संगठनों की स्थापना की। वर्ष 1971 में दलित शोषित संघर्ष समिति (DS-4), 1974 में बामसेफ और 1984 में बहुजन समाज पार्टी की स्थापना कर उन्होंने बहुजन आंदोलन को नई दिशा दी।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने केंद्र सरकार से मांग करते हुए कहा कि बहुजन समाज के उत्थान में ऐतिहासिक योगदान देने वाले कांशीराम साहब को मरणोपरांत भारत रत्न से सम्मानित किया जाना चाहिए।
जयंती समारोह में संदीप पासवान, महिषी प्रखंड अध्यक्ष सुशील पासवान, सत्तर कटैया प्रखंड कार्यकारी अध्यक्ष रश्मि सोरेन, अति पिछड़ा प्रकोष्ठ कार्यकारी जिला अध्यक्ष रतन कुमार शाह, जिला उपाध्यक्ष नरेश गुप्ता, जिला महासचिव संजय कुमार पासवान, बनमा इटहरी प्रखंड अध्यक्ष मनीष शर्मा, नगर अध्यक्ष नरेश मिस्त्री, कमलदेव शर्मा, फुलेश्वर रजक, आनंद रंजन, किशोर पासवान, अनिल शर्मा, रविशंकर कुमार, राजकुमार शर्मा, अभिनंदन कुमार, हरिश्चंद्र कुमार, जितेंद्र कुमार राय, नीतीश कुमार शर्मा, रमेश कुमार राय, प्रदीप पासवान, नरेश दास, अरविंद कुमार हेंब्रम सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने कांशीराम साहब के आदर्शों पर चलने और बहुजन समाज को मजबूत बनाने का संकल्प लिया।
