बिहार के सहरसा में हुए चर्चित छोटू मिश्रा हत्याकांड को लेकर राजनीति भी तेज हो गई है। पूर्णिया के सांसद Rajesh Ranjan (Pappu Yadav) रविवार को सहरसा पहुंचे और मृतक छोटू मिश्रा के परिजनों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने परिवार को ढांढस बंधाया और प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए।
मीडिया से बातचीत करते हुए सांसद पप्पू यादव ने कहा कि जिस तरह मुख्यमंत्री के शहर से जाने के तुरंत बाद सहरसा में ताबड़तोड़ गोलियां चलती हैं और पूरे शहर में दहशत फैल जाती है, उससे साफ जाहिर होता है कि यहां कानून का राज नहीं रह गया है। उन्होंने कहा कि अगर किसी से आपसी रंजिश थी भी, तो उसे कोर्ट के माध्यम से सुलझाया जा सकता था, लेकिन किसी की हत्या कर देना बिल्कुल भी उचित नहीं है।
पप्पू यादव ने कहा कि हत्या के बाद एक परिवार पर क्या गुजरती है, यह वही परिवार समझ सकता है जिसने अपने बेटे को खोया है। उन्होंने पुलिस की जांच पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि जिन आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है, उनकी गहन जांच होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने मांग की कि सभी आरोपियों के मोबाइल का लोकेशन ट्रेस किया जाए और यह भी पता लगाया जाए कि घटना के समय वे किन-किन लोगों से संपर्क में थे।
सांसद ने यह भी कहा कि बिना एफएसएल जांच के पुलिस ने कैसे यह निष्कर्ष निकाल लिया कि हत्या आपसी रंजिश में हुई है। पहले एफएसएल जांच पूरी होनी चाहिए, उसके बाद ही मामले की असल सच्चाई सामने आएगी। उन्होंने इस मामले में स्पीडी ट्रायल चलाकर जल्द से जल्द दोषियों को सख्त सजा देने की भी मांग की।
वहीं पोस्टमार्टम में हुई देरी को लेकर भी पप्पू यादव ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि हत्या के दो दिन बाद भी पोस्टमार्टम नहीं होना प्रशासन की बड़ी लापरवाही है। मृतक के परिजनों का कहना है कि उनके बेटे को मौत के बाद भी चैन से नहीं रहने दिया गया, जो प्रशासन की नाकामी को दर्शाता है।
