सहरसा जिले के वनगांव प्रखंड अंतर्गत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से जुड़ा एक गंभीर मामला कल सामने आया था। पीएचसी बरियाही में कार्यरत चतुर्थवर्गीय कर्मी एवं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा एक महिला से दुर्व्यवहार का आरोप लगाए जाने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए सहरसा के सिविल सर्जन डॉ. राजनारायण प्रसाद ने जांच समिति का गठन कर दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह मामला 31 जनवरी 2026 का बताया जा रहा है। आरोप है कि परिवार कल्याण ऑपरेशन के दौरान महिला के साथ छेड़छाड़ की गई, इस संबंध में पीड़िता द्वारा आवेदन और परिवाद पत्र सिविल सर्जन कार्यालय को सौंपा गया था, साथ ही मामले की अपना बिहार झारखंड पर प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी
सिविल सर्जन ने आरोपों की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति गठित की है, जिसमें वरिष्ठ चिकित्सा पदाधिकारी और विशेषज्ञ शामिल हैं। समिति को निर्देश दिया गया है कि स्थल निरीक्षण कर तीन दिनों के भीतर स्पष्ट मंतव्य के साथ जांच रिपोर्ट समर्पित करें।
स्वास्थ्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषी पाए जाने वालों पर नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
