भागलपुर के नाथनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत अजमेरीपुर बैरिया गांव से एक दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है। खाना बनाने के दौरान गैस सिलेंडर में अचानक आग लग गई, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया। आग इतनी तेज थी कि अमित मंडल का घर पूरी तरह जलकर राख हो गया, वहीं पड़ोसी कांतलाल मंडल का घर भी इसकी चपेट में आ गया।
पीड़िता संजू देवी ने बताया कि नया गैस सिलेंडर आज ही भरवाया गया था। घर में खाना बनाते समय अचानक गैस लीकेज हुआ और चंद मिनटों में आग फैल गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि घर में रखा सारा सामान जलने लगा। अफरा-तफरी के बीच स्थानीय लोगों की मदद से सभी परिवारजनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
हालांकि आग की इस घटना में कांतलाल मंडल के घर को भारी नुकसान हुआ है। पीड़ित परिवार के अनुसार घर में रखे करीब पांच लाख रुपये नकद सहित गृह उपयोग का सारा सामान जलकर राख हो गया। आग लगने के बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया और लोग बाल्टी, पाइप और अन्य साधनों से आग बुझाने की कोशिश करने लगे, लेकिन आग पर काबू पाना मुश्किल हो गया।
इसी दौरान गांव के एक छात्र चंद्रमोहन कुमार उर्फ सनोज ने अद्भुत साहस का परिचय दिया। जब आग लगी हुई थी और सिलेंडर के फटने का खतरा बना हुआ था, तब चंद्रमोहन ने जान की परवाह किए बिना जलते घर में घुसकर गैस सिलेंडर को बाहर निकाल दिया। उनकी इस बहादुरी से बड़ा विस्फोट टल गया और आसपास के कई घरों की जान-माल की सुरक्षा हो सकी।
इस दौरान चंद्रमोहन कुमार झुलस गए, जिन्हें इलाज के लिए निजी क्लीनिक में भर्ती कराया गया है। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
घटना की सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। पुलिस भी मौके पर पहुंचकर मामले की जांच में जुट गई है।
इस घटना के बाद पूरे गांव में छात्र चंद्रमोहन कुमार की बहादुरी की जमकर सराहना हो रही है। ग्रामीणों का कहना है कि उसकी सूझबूझ और साहस ने एक बड़ी त्रासदी को टाल दिया।
