सहरसा के सदर थाना परिसर में उस वक्त अचानक अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब बिना किसी पूर्व सूचना के डीआईजी कुमार आशीष और पुलिस अधीक्षक हिमांशु कुमार औचक निरीक्षण के लिए पहुंच गए। उनके अचानक आगमन से पूरे थाना परिसर में हड़कंप मच गया और पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई।
जानकारी के मुताबिक, जैसे ही उच्च अधिकारी थाना परिसर में दाखिल हुए, वहां मौजूद पुलिसकर्मियों और अधिकारियों के बीच तुरंत सक्रियता बढ़ गई। हर कोई अपनी-अपनी जिम्मेदारियों को दुरुस्त करने में जुट गया। इस दौरान सदर डीएसपी आलोक कुमार समेत कई पुलिस अधिकारी मौके पर मौजूद रहे और उन्होंने डीआईजी व एसपी को थाना की मौजूदा व्यवस्था, कार्य प्रणाली और लंबित मामलों की जानकारी दी।
निरीक्षण के दौरान डीआईजी और एसपी ने थाना परिसर की साफ-सफाई, रिकॉर्ड मेंटेनेंस, केस डायरी, हाजत व्यवस्था और पुलिसिंग के तौर-तरीकों का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों की जांच की और पुलिसकर्मियों से सीधे संवाद कर उनकी कार्यशैली को समझने की कोशिश की।
उच्च अधिकारियों ने मौके पर ही कई आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि कानून-व्यवस्था को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही लंबित मामलों के त्वरित निष्पादन, बेहतर जनसंपर्क और पारदर्शी कार्यप्रणाली पर विशेष जोर दिया गया।
इस औचक निरीक्षण को लेकर पूरे पुलिस विभाग में चर्चा का माहौल गर्म है। माना जा रहा है कि यह कार्रवाई जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने और पुलिसिंग व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाने के उद्देश्य से की गई है।
फिलहाल इस पूरे मामले को लेकर और भी अपडेट सामने आने की संभावना है। प्रशासन की ओर से स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
अपडेट जारी है…
