पटना: देशभर में मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी 2026 का आयोजन आज 3 मई को किया जा रहा है। इस बार परीक्षा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पहले से कहीं अधिक सख्त कर दी गई है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अनुचित गतिविधि को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अभ्यर्थियों को सभी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
बिहार में इस वर्ष 35 जिलों में 142 से अधिक परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जहां लगभग 1.60 लाख परीक्षार्थी शामिल होंगे। अकेले पटना में 96 केंद्रों पर करीब 85 हजार छात्र परीक्षा देंगे। परीक्षा पूरी तरह ऑब्जेक्टिव होगी, जिसमें कुल 180 प्रश्न पूछे जाएंगे—फिजिक्स और केमिस्ट्री से 45-45 तथा बायोलॉजी से 90 प्रश्न होंगे। कुल अंक 720 निर्धारित हैं।
इस बार परीक्षा में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और सीसीटीवी कैमरों के जरिए रियल-टाइम मॉनिटरिंग की व्यवस्था की गई है। सभी केंद्रों की निगरानी सीधे मुख्यालय से भी की जाएगी, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई संभव हो सके।
अभ्यर्थियों के लिए बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन अनिवार्य किया गया है। एडमिट कार्ड के साथ फिंगरप्रिंट जैसे डिजिटल सत्यापन के जरिए पहचान सुनिश्चित की जाएगी। हालांकि, तकनीकी समस्या होने पर उम्मीदवार को विशेष घोषणा पत्र भरकर परीक्षा में बैठने की अनुमति दी जाएगी।
परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों को एडमिट कार्ड, वैध फोटो पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड), 4×6 साइज का पासपोर्ट फोटो (हस्ताक्षर सहित) और स्व-घोषणा फॉर्म साथ लाना अनिवार्य है। इनके बिना प्रवेश नहीं मिलेगा।
ड्रेस कोड को लेकर भी सख्ती है। हल्के और साधारण कपड़े पहनकर आने की सलाह दी गई है। मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ, बैग, किताबें या अन्य अनावश्यक सामान पूरी तरह प्रतिबंधित हैं।
एनटीए ने अभ्यर्थियों और अभिभावकों से अपील की है कि वे अफवाहों से दूर रहें और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें। उम्मीदवार समय से पहले केंद्र पहुंचें और शांतिपूर्ण तरीके से परीक्षा दें।
