भागलपुर जिले के सुल्तानगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत सीतारामपुर गांव में पूर्व में हुई आगजनी की घटना ने अब नया मोड़ ले लिया है। इस मामले में गांव के निवासी बंटी चौधरी ने बड़ा खुलासा करते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं।
बंटी चौधरी का कहना है कि सरस्वती टेंट हाउस के संचालक पंकज कुमार साह ने खुद अपने गोदाम में आग लगाई और उसके बाद गांव के ही कुछ लोगों को झूठे मुकदमे में फंसा दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले में अभिषेक चौधरी, आनंद कुमार, बंटी चौधरी, गोल्डन चौधरी, गुंजा देवी और श्याम चौधरी को नामजद आरोपी बनाया गया है।
बंटी चौधरी के अनुसार, पंकज कुमार साह की पुत्री सरस्वती कुमारी और उनके पुत्र अभिषेक चौधरी के बीच प्रेम प्रसंग चल रहा था। जब इस बात की जानकारी पंकज कुमार साह को मिली तो वे नाराज हो गए और परिवार को झूठे केस में फंसाने की साजिश रचने लगे। उनका दावा है कि आगजनी की घटना भी उसी साजिश का हिस्सा है।
घटना के बाद सुल्तानगंज थाना में मामला दर्ज कर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अभिषेक चौधरी और आनंद कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। हालांकि बाद में दोनों को न्यायालय से जमानत मिल गई।
इधर, थाना अध्यक्ष मृत्युंजय कुमार ने बताया कि मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है। पुलिस अब घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि आग लगने की वास्तविक वजह का पता चल सके।
फिलहाल यह मामला प्रेम प्रसंग, आपसी रंजिश और साजिश के आरोपों के बीच उलझता नजर आ रहा है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही सच्चाई सामने आएगी और दोषियों के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
