वनगांव ठाकुरपट्टी, सहरसा से दहेज प्रताड़ना का एक गंभीर मामला सामने आया है। पीड़िता की मां जानकी देवी ने आरोप लगाया है कि उन्होंने अपनी बेटी की शादी अवधेश झा से पूरे रीति-रिवाज के साथ की थी। शादी के समय करीब पांच लाख रुपये दहेज के रूप में दिए गए थे, लेकिन शादी के कुछ ही दिनों बाद ससुराल पक्ष की ओर से अतिरिक्त पांच लाख रुपये की मांग की जाने लगी।
जानकी देवी के अनुसार, दामाद अवधेश झा और उसके पिता विजय झा ने मिलकर उनकी बेटी के साथ लगातार मारपीट और मानसिक प्रताड़ना शुरू कर दी। प्रताड़ना से तंग आकर उनकी बेटी अपने मायके लौट आई।
परिजनों का आरोप है कि जब वे पुलिस के साथ बच्चों को वापस लाने ससुराल पहुंचे तो ससुराल पक्ष ने अमानवीयता की हद पार करते हुए मासूम बच्चे को जंगल में छोड़ दिया। काफी खोजबीन के बाद बच्चे को सुरक्षित बरामद किया गया।
इसी क्रम में पीड़िता के पिता मिथलेश झा जब दहेज में दी गई गाड़ी वापस लेने ससुराल गए तो उनके साथ भी मारपीट की गई। इस घटना में वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों का कहना है कि यह पूरी घटना सुनियोजित तरीके से की गई और उन्हें लगातार धमकियां भी दी जा रही हैं।
मामले को लेकर परिवार ने स्थानीय थाने में लिखित शिकायत दी है। हालांकि, उनका आरोप है कि अब तक पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल, पूरे इलाके में घटना को लेकर चर्चा का माहौल है और लोग दहेज प्रथा जैसी सामाजिक बुराई पर सख्त कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।
