सहरसा सदर अस्पताल परिसर में इलाज कराने आई एक युवती के साथ छेड़छाड़ और दुष्कर्म के प्रयास का गंभीर मामला सामने आया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर इस मामले में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस घटना में चौंकाने वाला तथ्य यह सामने आया है कि मुख्य आरोपी सदर अस्पताल में ही कार्यरत एक एम्बुलेंस कर्मी है, जिससे अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।
सदर डीएसपी आलोक कुमार के अनुसार, यह घटना 29 जनवरी 2026 की है। वार्ड संख्या-05, थाना एवं जिला सहरसा निवासी एक युवती गले में दर्द की शिकायत को लेकर अपनी दादी के साथ सदर अस्पताल पहुंची थी। इसी दौरान अस्पताल परिसर में मौजूद कुछ युवकों ने युवती को बहला-फुसलाकर सदर अस्पताल के पुराने भवन की ओर ले गए, जहां उसके साथ छेड़छाड़ की गई और दुष्कर्म का प्रयास किया गया।
घटना के दौरान पीड़िता द्वारा शोर मचाए जाने पर अस्पताल कर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत हस्तक्षेप किया और डायल-112 पुलिस टीम को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़िता को सुरक्षित उसके घर पहुंचाया गया। इसके बाद पीड़िता के लिखित आवेदन के आधार पर महिला थाना में कांड संख्या-04/2026, दिनांक 29.01.2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(1)/62/3(5) के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर घटना में संलिप्त तीनों आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में नंद कुमार, अंकित कुमार और कृष्णा कुमार शामिल हैं, जो सहरसा जिले के विभिन्न वार्डों के निवासी बताए जा रहे हैं।
पुलिस के अनुसार, सभी आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया एवं अनुसंधान जारी है। सहरसा पुलिस ने स्पष्ट किया है कि महिलाओं की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस तरह के गंभीर अपराधों में शामिल किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
