भागलपुर में युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आज गोल्डन रेफ्रिजरेशन एवं आइसक्रीम इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ऑफ बिहार के तत्वावधान में एक विशेष सेमिनार का आयोजन किया गया। इस सेमिनार में आइसक्रीम उद्योग की संभावनाओं, तकनीकी पहलुओं और व्यवसायिक अवसरों पर विस्तार से चर्चा की गई। आयोजन में बड़ी संख्या में युवा, उद्यमी और उद्योग से जुड़े लोग मौजूद रहे।
सेमिनार के दौरान प्रेस को संबोधित करते हुए डाल्टन इंडिया के मैनेजिंग डायरेक्टर तरुण गुप्ता ने कहा कि बिहार में रोजगार के क्षेत्र में एक नए अध्याय की शुरुआत करने के उद्देश्य से इस सेमिनार का आयोजन भागलपुर में किया गया है। उन्होंने कहा कि आइसक्रीम इंडस्ट्री एक ऐसा क्षेत्र है, जिसमें कम पूंजी निवेश के साथ भी युवा अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं। इस उद्योग में उत्पादन, वितरण और बिक्री जैसे कई स्तरों पर रोजगार की व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं। उन्होंने बताया कि सेमिनार में प्रतिभागियों को आइसक्रीम निर्माण की आधुनिक तकनीक, मशीनरी, कच्चे माल की जानकारी और मार्केटिंग से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं पर मार्गदर्शन दिया जा रहा है।
वहीं गोल्डन रेफ्रिजरेशन के प्रोपराइटर रूपेश कुमार मेहता ने कहा कि आज का युवा तेजी से नशे की ओर बढ़ रहा है, जो समाज के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार युवाओं को स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रेरित कर रहे हैं। उसी सोच को आगे बढ़ाते हुए यह सेमिनार आयोजित किया गया है, ताकि युवा नशे से दूर रहकर खुद का रोजगार शुरू कर सकें और दूसरों को भी रोजगार दे सकें।
कार्यक्रम में एसडी पब्लिक स्कूल एवं सुमित्रा देवी आईटीआई कॉलेज कहलगांव के संस्थापक राजकुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने युवाओं से इस तरह के सेमिनारों का लाभ उठाने की अपील की और कहा कि तकनीकी शिक्षा और उद्यमिता के माध्यम से ही युवा अपने भविष्य को सुरक्षित बना सकते हैं। सेमिनार में मौजूद युवाओं ने भी इस पहल की सराहना करते हुए आइसक्रीम उद्योग से जुड़ने में रुचि दिखाई।
आयोजकों का कहना है कि आने वाले समय में बिहार के अन्य जिलों में भी ऐसे सेमिनार आयोजित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को स्वरोजगार के अवसर मिल सकें।
