समस्तीपुर। बिहार के समस्तीपुर जिले में पुलिस ने लूट की योजना को विफल करते हुए पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से दो देसी पिस्तौल, 20 जिंदा कारतूस, चार मोबाइल फोन और 32,400 रुपये नकद बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपित समस्तीपुर और वैशाली जिले में लूट की घटनाओं को अंजाम देने की योजना बना रहे थे। कार्रवाई मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के दुधपुरा जेल के पीछे की गई। इस दौरान चार अन्य आरोपित अंधेरे और झाड़ियों का फायदा उठाकर फरार हो गए।
गुप्त सूचना पर पुलिस की छापेमारी
पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर-1 के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ अपराधी अवैध हथियारों के साथ किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए एकत्रित हुए हैं। सूचना का सत्यापन करने के बाद मुफ्फसिल थानाध्यक्ष अजीत प्रसाद सिंह और जिला सूचना इकाई (DIU) की टीम ने इलाके की घेराबंदी की। इस दौरान पांच आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपितों का आपराधिक इतिहास
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपितों में दीपक कुमार उर्फ डॉक्टर, निवासी भटवन वार्ड-10, हसनपुर शामिल है। उसके खिलाफ ताजपुर, मुफ्फसिल, पातेपुर और जनदाहा थानों में हत्या, लूट, आर्म्स एक्ट और यूएपीए समेत सात मामले दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
दूसरा आरोपित चंदन कुमार उर्फ दीपक, निवासी बसढिया वार्ड-10, दलसिंहसराय है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ दलसिंहसराय, उजियारपुर, सरायरंजन और विभूतिपुर थानों में लूट के नौ मामले दर्ज हैं।
तीसरे आरोपित मो. रहमतुल्ला उर्फ साहेब, निवासी चकनूर धर्मपुर, मुफ्फसिल के खिलाफ नगर थाना में आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज है। वहीं, मो. तालिब, निवासी हसनपुर ओस्ती वार्ड-08, महुआ, वैशाली, एनडीपीएस एक्ट के मामले में वांछित बताया गया है। पांचवें आरोपित राहुल कुमार, निवासी रामपुर दुधपुरा वार्ड-04, मुफ्फसिल के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है।
फरार आरोपितों की तलाश जारी
छापेमारी टीम में थानाध्यक्ष अजीत प्रसाद सिंह, एसआई कंदन बास्की, अमित कुमार, दीपशिखा सिन्हा, राहुल कुमार, संदीप कुमार, बिहार एसटीएफ के जवान और अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे।
पुलिस गिरफ्तार आरोपितों से जुड़े आपराधिक मामलों की जांच कर रही है। साथ ही फरार चार आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जिले में अपराध नियंत्रण और अवैध हथियारों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।





