आरा/कोईलवर। दशहरा के अवसर पर विद्यार्थियों की प्रतिभा निखारने और उनमें सामान्य ज्ञान के प्रति रुचि बढ़ाने के उद्देश्य से कोईलवर के आजाद कला मंदिर की ओर से सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता के प्रथम चरण में रविवार को लिखित परीक्षा आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों के ज्ञान, बौद्धिक क्षमता और प्रतिभा का आकलन किया गया।
प्रतियोगिता के आयोजकों के अनुसार, लिखित परीक्षा में सफल होने वाले प्रतिभागियों को अगले चरण में शामिल होने का अवसर मिलेगा। इसके तहत 17 अक्टूबर को मौखिक परीक्षा आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में सफल होने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कार, ट्रॉफी, प्रमाण पत्र और प्रोत्साहन राशि देकर सम्मानित किया जाएगा। आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ-साथ सामान्य ज्ञान के क्षेत्र में भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है।
संस्था के अध्यक्ष रमेश राम ने कहा कि दुर्गापूजा और दशहरा के अवसर पर विद्यार्थियों के लिए इस तरह की प्रतियोगिता आयोजित करना संस्था के लिए हर्ष का विषय है। उन्होंने कहा कि सामान्य ज्ञान प्रतियोगिताओं से बच्चों में नई-नई जानकारियां हासिल करने की रुचि बढ़ती है। साथ ही, उन्हें अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और अपनी क्षमताओं को पहचानने का बेहतर मंच मिलता है। उन्होंने घोषणा की कि आजाद कला मंदिर की ओर से प्रत्येक वर्ष दशहरा के अवसर पर सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इसका लाभ मिल सके।
वहीं, प्रतियोगिता के संचालक और संस्था के सदस्य राजेश ने बताया कि लिखित परीक्षा में सफल प्रतिभागियों को मौखिक परीक्षा के लिए आमंत्रित किया जाएगा। इसके बाद बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों का चयन कर उन्हें सम्मानित किया जाएगा।
संस्था के सचिव प्रशांत मिश्रा ने कहा कि प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उनकी प्रतिभा को निखारने के लिए उचित मंच उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में पाठ्यक्रम की पढ़ाई के साथ सामान्य ज्ञान का होना भी जरूरी है। ऐसी प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों का आत्मविश्वास बढ़ाती हैं और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करती हैं।
आजाद कला मंदिर की इस पहल को विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास और प्रतिभा प्रोत्साहन की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।






