सहरसा शहर के सम्राट अशोक भवन में विश्वकर्मा शक्ति मोर्चा द्वारा भव्य विश्वकर्मा सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वकर्मा समाज के लोगों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर और भगवान विश्वकर्मा की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर किया। समारोह में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवाओं की भागीदारी रही, जिससे माहौल पूरी तरह विश्वकर्मा एकता के संदेश से गूंज उठा।
कार्यक्रम में बढ़ई, लोहार, कुम्हार, ठठेरा और सोनार समाज के लोगों ने एकजुटता का संकल्प लेते हुए सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक भागीदारी को मजबूत करने की दिशा में ठोस कदम उठाने का निर्णय लिया। साथ ही कोसी प्रमंडल स्तर पर एक विशाल रैली और सभा आयोजित करने का ऐलान भी किया गया।
समारोह की शुरुआत में वासुदेव शर्मा और संजय स्वर्णकार के निधन पर दो मिनट का शोक व्यक्त कर श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विश्वकर्मा शक्ति मोर्चा के अध्यक्ष एवं लोजपा (रामविलास) के जिलाध्यक्ष महेंद्र शर्मा ने कहा कि जब तक समाज जागरूक और संगठित नहीं होगा, तब तक राजनीतिक भागीदारी मजबूत नहीं हो सकती। उन्होंने समाज से एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने का आह्वान किया।
कोसी प्रमंडलीय स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष रामसुंदर साहा ने कहा कि अलग-अलग पेशों में होने के बावजूद सभी विश्वकर्मा की संतान हैं और अधिकारों के लिए लंबी लड़ाई जरूरी है। वहीं प्रजापति संघ के जिलाध्यक्ष रामोतार पंडित ने चट्टानी एकता की जरूरत पर जोर दिया।
कार्यक्रम के दौरान पंचायत जनप्रतिनिधियों, डॉक्टरों, इंजीनियरों और वकीलों को सम्मानित किया गया। समारोह में विभिन्न सामाजिक संगठनों के पदाधिकारी और हजारों की संख्या में लोग उपस्थित रहे, जिन्होंने समाज की मजबूती और एकता का संकल्प दोहराया।
