पटना/भोजपुर: बिहार में 16 मार्च को होने वाले साझे चुनाव को लेकर हंगामा तेज हो गया है. राज्य की खाली हो रही पांच सीटों के लिए छह दावेदार मैदान में हैं, जिससे पांच सीटों की लड़ाई दिलचस्प हो गई है। इस सीट को लेकर नाटक और स्ट्रेटेजी दोनों खेमों में रणनीति और जोड़- जुलूस का दौर जारी है।
राज्य के ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार ने कहा कि गठबंधन अपनी रणनीति पहले ही तय कर चुका है। उन्होंने बताया कि पोर्टफोलियो में पोर्टफोलियो सम्राट चौधरी की बैठक हुई है, जिसमें सभी नामों और नेताओं ने हिस्सा लिया। बैठक में इस बात पर भरोसा जताया गया कि सभी पांच उम्मीदवारों को जीत हासिल होगी। श्रवण ने कहा कि बिहार में जनता विकास, शांति और भाईचारे की राजनीति चाहती है, इसलिए लालू का समर्थन कुमार ही करेंगे।
क्रॉस वोटिंग की संभावना को लेकर उन्होंने कहा कि ऐसा होने का कोई सवाल ही नहीं है। उनका कहना है कि नामांकन के नेताओं ने भी कई बार कहा है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य में अच्छा काम हुआ है।
एआईएमआईएम के रुख पर टिप्पणी करते हुए श्रवण कुमार ने कहा कि एआईएमआईएम के उम्मीदवार को वोट न दें। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोप लगाया गया है कि आम तौर पर अन्य समकक्षों को अपने पाले में रखने की कोशिश की जाती है। वहीं, ओरेगन से विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव भी सक्रिय हैं। उन्होंने अपने दावेदार अमरेंद्र धारी सिंह से बातचीत के लिए मुलाकात की और एआईएमआईएम से भी बातचीत की। दोनों खेमे अपनी-अपनी जीत का दावा कर रहे हैं।
यहां भोजपुर में पासपोर्ट परीक्षा के रिजल्ट से पहले साइबर ठगी सक्रिय हो गई है। चरपोखरी के निवासी आनंद प्रकाश को एक अज्ञात नंबर से कॉल कर उनकी बहन के साथ धोखाधड़ी की बात कही गई। ठग ने खुद को बिहार बोर्ड का स्टाफ नियुक्त फर्स्ट डिवीजन से पास के नाम पर ऑनलाइन भुगतान करने को कहा। हालाँकि फ़ैल ने इसे फ़्रॉड समझकर कॉल काट दिया।
भोजपुर के जिला शिक्षा मंत्री मानवेन्द्र कुमार राय ने स्पष्ट किया कि बोर्ड की ओर से पास-फेल के नाम पर किसी को फोन नहीं किया गया। वे लोगों से ऐसे कॉल की सूचना तत्काल पुलिस या साइबर सेल को देने और रहने की अपील करते हैं।
