भक्तों द्वारा देवी मनसा की स्तुति करते हुए कहा गया:
> *”आस्तिकस्य मुनेर्माता भगिनी वासुकेस्तथा।* > *जरत्कारु ऋषेः पत्नी मनसा देवी नमोऽस्तुते॥”*
जिस देवी का महात्म्य उनके तेजस्वी पुत्र *आस्तिक मुनि* के नाम से शुरू होता है, वह स्वयं कितनी महान होंगी — यही श्रद्धा हर भक्त में देखने को मिली। आस्तिक मुनि द्वारा बचपन में नाग जाति को जनमेजय के नागयज्ञ से बचाने की कथा आज भी लोगों को प्रेरित करती है।
#### 🪔 धार्मिक अनुष्ठान:
आज के दिन *पंडा कुम्हार के घर से वारी घट* को मस्तक पर धारण कर श्रद्धालु सेमापुर घाट तक पहुंचे। घाट पर जल छिटकाव कर कलश का सत्कार किया गया। इस शुभ अवसर पर **सैकड़ों महिला-पुरुषों ने मनसा वारी व्रत** रखा और कच्ची मिट्टी से बने पवित्र घट (वारी घट) के साथ मंदिर से घाट तक यात्रा की।
जिन भक्तों के घर में विवाह आदि मांगलिक कार्य होते हैं, वे विशेष रूप से यह व्रत रखते हैं और देवी से इच्छित वरदान की याचना करते हैं। व्रतियों ने अपने-अपने द्वार पर वारी घट में माल्यार्पण कर व्रत सम्पन्न किया। कई श्रद्धालुओं ने *वारी डलिया* भी चढ़ाया।
#### 🌸 मनोकामना पूर्ति का पर्व:
*मनसा वारी व्रत* विशेष रूप से संतान सुख, विवाह, रोग निवारण और समृद्धि के लिए किया जाता है। भक्तगण मां मनसा से अपनी प्रार्थनाएं करते हैं और श्रद्धा के साथ *मनसा महात्म्य का पाठ* या श्रवण करते हैं। यह व्रत *सिंह संक्रांति* तक प्रतिदिन नियमपूर्वक चलता है।
#### 👥 मुख्य उपस्थितजन:
इस धार्मिक आयोजन में **मुख्य पंडा संतोष झा, अजीत झा**, **गौरी शंकर साह**, **चंद्रशेखर**, **अध्यक्ष संजय लाल**, **विनय लाल**, **रामशरण दास**, **नरेंद्र लाल**, **महेश**, **राजीव**, **श्रीकांत**, **मंजूषा कलाकार हेमंत कश्यप**, **साहित्यकार आलोक कुमार**, **वार्ड पार्षद सोनी देवी**, **केंद्रीय पूजा समिति के अध्यक्ष भोला मंडल**, **प्रदीप मंडल**, **शिव शंकर जी**, **पंकज दास**, **देवाशीष बनर्जी**, तथा **समस्त लखराज समाज** के श्रद्धालु भारी संख्या में उपस्थित रहे।