बिहार के गया जिले में पुलिस पर हमले का गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक वार्ड पार्षद और उसके सहयोगियों ने मिलकर एक पुलिस अधिकारी की बेरहमी से पिटाई कर दी। इस घटना में एएसआई गंभीर रूप से घायल हो गए हैं और उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। मामला रामपुर थाना क्षेत्र के गेवाल बीघा मोड़ के पास का है।
जानकारी के मुताबिक, एएसआई विक्रम पासवान देर रात गश्ती पर थे। इसी दौरान उन्होंने गेवाल बीघा मोड़ पर एक दुकान के पास काफी संख्या में युवकों की भीड़ देखी। वहां मौजूद लोग सिगरेट पी रहे थे और हंगामा कर रहे थे। पुलिस अधिकारी ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दुकान बंद करने और लोगों को वहां से हटने का निर्देश दिया।
इसी बात पर विवाद बढ़ गया और वार्ड पार्षद मोहम्मद कलाम अपने सहयोगियों के साथ आक्रोशित हो गया। आरोप है कि सभी ने मिलकर एएसआई पर हमला कर दिया। हमलावरों ने उनकी वर्दी फाड़ दी, उन पर सिगरेट फेंकी और जमकर मारपीट की। इस हमले में एएसआई का हाथ टूट गया और उन्हें अंदरूनी चोटें भी आई हैं। फिलहाल उनका इलाज अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा है।
घटना के समय एएसआई के साथ पुलिस बल भी मौजूद था, लेकिन हमलावरों की संख्या अधिक होने के कारण उन्हें घेरकर पीटा गया। थाना अध्यक्ष दिनेश बहादुर सिंह के अनुसार, इस मामले में मेराज आलम और इम्तियाज आलम को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है, जबकि मुख्य आरोपी वार्ड पार्षद अभी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि संबंधित दुकान को पहले भी कई बार नोटिस दिया गया था। 31 अक्टूबर 2025 को भी दुकान को देर रात तक खुला रखने और असामाजिक तत्वों के जमावड़े को लेकर चेतावनी दी गई थी, लेकिन दुकानदार ने निर्देशों का पालन नहीं किया।
इस मामले में एएसआई के बयान के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है और आगे की कार्रवाई जारी है।
